मुकेश अंबानी की दरियादिली ने जीता यूजर्स का दिल, अनिल से जोड़ सुनाए बॉलीवुड के ये फेमस डायलॉग

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मुकेश अंबानी ने अपने भाई अनिल अंबानी को जेल जाने से बचा लिया है. रिलायंस कम्युनिकेशन्स के चेयरमैन अनिल अंबानी को एरिक्सन को तय समय सीमा के भीतर 7.7 करोड़ डॉलर का भुगतान करना था नहीं तो जेल जाना पड़ता.

 

इससे पहले अनिल अंबानी अदालत के आदेश के बावजूद बाकया का भुगतान नहीं कर पाए थे और इस बार कोर्ट की अवमानना में जेल जाने का ख़तरा मंडरा रहा था. हालांकि इस बार भाई मुकेश अंबानी ने बचा लिया.

इस बकाए को चुकाने में अपने बड़े भाई मुकेश और भाभी नीता अंबानी की मदद के लिए धन्यवाद करते हुए अनिल अंबानी ने एक बयान जारी किया है. इस बयान में लिखा है, ”मुश्किल घड़ी में मुझे अपने परिवार से मदद मिली है. यह हमारे परिवार के मज़बूत मूल्यों को ही दर्शाता है. जिस वक़्त मुझे सबसे ज़्यादा मदद की ज़रूरत थी मेरा परिवार साथ खड़ा हुआ.”

https://twitter.com/CricSuperFan/status/1107678189965312001

 

सुप्रीम कोर्ट के आदेश के मुताबिक अनिल अंबानी को मंगलवार तक एरिक्सन का बकाया चुकाना था, अन्यथा उन्हें न्यायालय की मानहानि के मामले में जेल जाना पड़ता. बहरहाल, आरकॉम ने सोमवार को तय समयसीमा खत्म होने से मात्र एक दिन पहले ही एरिक्सन को 458.77 करोड़ रुपये के बकाये का भुगतान कर दिया. अनिल अंबानी के साथ-साथ आरकॉम की दो इकाइयों के चेयरमैन छाया विरानी और सतीश सेठ पर जेल जाने का खतरा मंडरा रहा था.


पिछले महीने इस मामले की सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने इसे ‘जानबूझ कर भुगतान नहीं करने’ का मामला बताया और अंबानी को ‘अदालत की अवमानना’ का दोषी पाया. साथ ही कंपनी को आदेश दिया कि वह या तो चार हफ्ते के भीतर एरिक्सन के बकाये का भुगतान करे या अंबानी तीन माह जेल का कारावास भुगतें.